लगन तुमसे लगा बैठे
लगन तुमसे लगा बैठे जो होगा देखा जायेगा।
तुम्हे अपना बना बैठे जो होगा देखा जायेगा।।
कभी दुनियां से डरते थे कि छुप छप याद करते थे
शरम अब बेच खा बेठे जो होगा देखा जायेगा।
कभी दुनिया से यह डर था कि वो बदनाम ना कर दे
अब तो बदनाम हो बैठे जो होगा देखा जायेगा।
दिवाने बन गये तेरे हमें दुनिया से क्या मतलब
वो परदा अब हटा बैठे जो होगा देखा जायेगा।
पड़ी मझधार में नैया खिवैया बन कर आ जाना
तुम्हें साहिल बना बैठे जो होगा देखा जायेगा।
बड़ी मझदार मैं है नैया, शिवैया बनके अंजाना
तुम्हें साहिल बना बैठे जो होगा देखा जाएगा।
तुम्हारी बेरुख़ी मैं दिल ये मेरा टूट जाएगा
ये दिल पुख़्ता बना बैठे जो होगा देखा जाएगा।
मैं हूँ सर्वस्व दे सकता तुम्हारे एक इशारे पे
चमन जीवन लूटा बैठे जो होगा देखा जाएगा
जो होगा देखा जाएगा, जो होगा देखा जाएगा ॥